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By : Nishpaksh Pratinidhi | Published Date : 17 Jan 2026 7:38 PM |   137 views

गोरखपुर में दो दिवसीय ’’लोक में कोहबर कला” कार्यशाला का भव्य शुभारंभ

गोरखपुर-राजकीय बौद्ध संग्रहालय, गोरखपुर द्वारा लोक कलाओं के संरक्षण एवं संवर्धन के उद्देश्य से आयोजित दो दिवसीय ’’लोक में कोहबर कला” कार्यशाला का शुभारंभ आज संग्रहालय परिसर में गरिमामय वातावरण में किया गया।
 
कार्यक्रम का शुभारंभ परंपरागत रूप से दीप प्रज्जवलन के साथ हुआ। इस अवसर पर उत्तर प्रदेश लोक एवं जनजातीय संस्कृति संस्थान, लखनऊ की सदस्य डॉ. कुमुद सिंह मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं। वे इस कार्यशाला की मुख्य प्रशिक्षक भी हैं। 
 
अपने उद्बोधन में डॉ. कुमुद सिंह ने कहा की पूर्वाचल में लोक चित्रों की समृद्ध परम्परा रही है इसे सहेजने और संवर्द्धित करने के लिए यह अनुठी पहल है। इस कार्यशाला से युवाओं में अपने लोक चित्रों के प्रति सम्मान और अभिरूचि उत्पन्न होगी। जिससे यह कलाकार इस क्षेत्र में कार्य करने के लिए उत्सुक होंगे। कार्यशाला में सृजित समस्त चित्र हमारी अमूल्य धरोहर बनेंगे। यह कोहबर कला सनातन के विवाह संस्कार के स्मृति चिन्ह हैं। 
 
बैकुंठी देवी कन्या महाविद्यालय, आगरा के ललित कला विभाग की सहायक आचार्य डॉ. विनीता गुप्ता ने कहा की लोक में कोहबर कला के माध्यम से सभी प्रतिभागी प्रतीकों एवं चिन्हों से परिचित होंगे। विवाह संस्कार में इन प्रतीकों का क्या महत्व है यह भी जान सकेंगे। प्रतिभागियों ने अपने स्वजन से जानकारी हासिल कर उसे कैनवास पर उतारा है, जो अति सुन्दर है। 
 
कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए राजकीय बौद्ध संग्रहालय के उप निदेशक डॉ. यशवंत सिंह राठौड़ ने कहा कि इस प्रकार की कार्यशालाएँ लोक कलाओं के संरक्षण के साथ-साथ युवाओं को सांस्कृतिक विरासत से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। लोक में कोहबर कला के माध्यम से हमारी युवा पीढ़ी विभिन्न मंगलिक चिन्हों को समझने में सक्षम होंगी साथ ही यह कला पूर्वाचल की एक प्राचीनतम लोक विरासत है यह भी जान सकेगी।
 
कार्यक्रम के संयोजक एवं संचालक प्रेमनाथ ने कार्यशाला की रूपरेखा प्रस्तुत करते हुए बताया कि इस आयोजन के माध्यम से विद्यार्थियों, शोधार्थियों एवं कला प्रेमियों को लोक कला से प्रत्यक्ष रूप से परिचित कराया जा रहा है। कार्यशाला में कुशीनगर, देवरिया, महाराजगंज, संतकबीर नगर, सिद्धार्थनगर एवं गोरखपुर जनपद के 30 युवा कलाकारों द्वारा कोहबर कला की बारीकियों को समझते हुए उनका चित्रांकन किया जा रहा है।
 
राजकीय बौद्ध संग्रहालय द्वारा आयोजित दो दिवसीय कार्यशाला लोक में कोहबर कला का समापन एवं प्रमाण-पत्र वितरण रविवार सायं 04 बजे से किया जायेगा। साथ ही कार्यशाला में सृजित चित्रों की प्रदर्शनी का शुभ आरम्भ होगा। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि गोरखपुर के महापौर डॉ0 मंगलेश श्रीवास्तव होंगे। यह जानकारी संग्रहालय के उप निदेशक द्वारा दी गयी।
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