पूर्वांच्चल मे मशरूम उत्पादन की अपार सम्भावनाएंः प्रो.रवि प्रकाश
मशरूम जिसे क्षेत्रीय भाषाओं में कुकुरमुत्ता, भूमिकवक, खुम्भ, खुम्भी,गर्जना एवं धरती के फूल आदि कई नामों से जाना जाता है।, प्रायः बरसात के दिनों में छतरीनुमा संरचनायें सडे़ -गले कूडे़
मशरूम जिसे क्षेत्रीय भाषाओं में कुकुरमुत्ता, भूमिकवक, खुम्भ, खुम्भी,गर्जना एवं धरती के फूल आदि कई नामों से जाना जाता है।, प्रायः बरसात के दिनों में छतरीनुमा संरचनायें सडे़ -गले कूडे़
बलरामपुर -जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की बैठक सांसद श्रावस्ती राम शिरोमणि वर्मा, विधायक बलरामपुर पलटूराम, विधायक तुलसीपुर कैलाश नाथ शुक्ल, विधायक गैसड़ी एसपी यादव की उपस्थिति में कलेक्ट्रेट सभागार में
बलरामपुर- मंत्री गन्ना विकास एवं चीनी उद्योग विभाग, उ0प्र0 संजय सिंह गंगवार का एक दिवसीय जनपद बलरामपुर का भ्रमण किया गया। मंत्री द्वारा यू0पी0टी0 होटल में विभागीय अधिकारियों के साथ
देवरिया- जिलाधिकारी जितेंद प्रताप सिंह की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में बायो एनर्जी बोर्ड की बैठक आयोजित की गई। डीएम ने पराली के व्यवसायिक प्रयोग को बढ़ावा देने का निर्देश
आलू की खेती में उत्तर प्रदेश का देश में प्रथम स्थान है। आलू का प्रयोग मुख्य रूप से सब्जियों, चिप्स, पापड़,चाट,पकौड़ी, ,समोसा,डोसा ,चोखा आदि के रुप में किया जाता है।
नये मधु्मक्खी पालन का व्यवसाय माह अक्टूबर से प्रारंभ करना चाहिए। इस समय मौसम मधु्मक्खी पालन के लिये अनुकूल रहता है। तोरिया (लाही) का फूल उपलब्ध रहता है , उसके
देवरिया / भाटपाररानी -आज पी एम किसान सम्मान सम्मेलन का आयोजन पूसा मेला ग्राउंड नई दिल्ली में किया गया। दिल्ली में आयोजित एग्रीकल्चर स्टार्टअप कांक्लेव तथा किसान समृद्धि केन्द्रो का
जवाहरलाल नेहरू कृषि विश्वविद्यालय, जबलपुर का 59वां स्थापना दिवस समारोह आज ऑनलाइन आयोजित किया गया। मुख्य अतिथि केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने इस अवसर पर
प्रयागराज -औद्यानिक प्रयोग एवं प्रशिक्षण केंद्र खुसरोबाग प्रयागराज में आयोजित हो रहे दो दिवसीय संगोष्ठी एवं सेमिनार कार्यक्रम का उद्घाटन करते हुए उप निदेशक उद्यान प्रयागराज मंडल प्रयागराज डॉ कृष्ण
इस समय पूर्वाच्चल में धान की फसल में बालियां निकल रही है। अगैती फसल कुछ दिनों में काटने योग्य हो जायेगी। इस स्थिति में धान में लगने वाले कीटों व
इस समय पूर्वाच्चल में धान की फसल में बालियां निकल रही है। अगैती फसल कुछ दिनों में काटने योग्य हो जायेगी। इस स्थिति में धान में लगने वाले कीटों व