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By : Nishpaksh Pratinidhi | Published Date : 24 Oct 2026 7:13 PM |   18 views

छोटी गंडक नदी में रिवर रैचिंग कार्यक्रम के तहत मत्स्य बीज संचय, जलीय पारिस्थितिकी संरक्षण एवं रोजगार सृजन की पहल

देवरिया-उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा संचालित एवं वित्तपोषित रिवर रैचिंग कार्यक्रम के अंतर्गत जनपद देवरिया में प्रवाहित छोटी गंडक नदी में  कृषि मंत्री, उत्तर प्रदेश सरकार, सूर्य प्रताप शाही  द्वारा भारतीय मेजर कार्प प्रजाति के मत्स्य बीज का संचय किया गया। कार्यक्रम के तहत पकहा घाट, बघौच घाट, सोनौला रामनगर एवं हेतिमपुर घाट पर मत्स्य बीज संचय कर नदी की मत्स्य सम्पदा के संरक्षण एवं संवर्धन की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की गई।
 
इस अवसर पर  कृषि मंत्री  सूर्य प्रताप शाही ने अपने संबोधन में कहा कि नदियों को स्वच्छ एवं संरक्षित बनाए रखना हम सभी की नैतिक जिम्मेदारी है। नदियों में मत्स्य बीज संचय से जलीय पारिस्थितिकी तंत्र के संतुलन को बनाए रखने में मदद मिलेगी। साथ ही, नदियों में मत्स्य सम्पदा बढ़ने से स्थानीय मछुआरों एवं अन्य लोगों के लिए रोजगार और आजीविका के अवसर सृजित होंगे।
 
उप निदेशक मत्स्य ने कहा कि नदियों में मानवीय गतिविधियां बढ़ने के कारण प्रदूषण का स्तर बढ़ा एवं नदियों में मत्स्य सम्पदा मे निरंतर कमी देखी गई है। इसी को ध्यान में रखते हुए मत्स्य विभाग द्वारा विगत चार वर्षों से प्रत्येक वर्ष रिवर रैचिंग कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है, ताकि जलीय पारिस्थितिकी में सुधार हो तथा लोगों को रोजगार और आजीविका का साधन उपलब्ध हो सके।
 
 मंत्री  ने कहा कि लोग नदियों से मछलियों का शिकार तो करते हैं, लेकिन मत्स्य सम्पदा को बनाए रखने के लिए उनमें मत्स्य बीज संचय नहीं करते। इसी आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए  मुख्यमंत्री के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा रिवर रैचिंग कार्यक्रम संचालित किया जा रहा है, ताकि नदियों में मछलियों की उपलब्धता बढ़ाई जा सके तथा जलीय संसाधनों का संरक्षण सुनिश्चित हो सके।
 
उन्होंने स्थानीय नागरिकों एवं मछुआरा समुदाय से अपील की कि वे छोटी मछलियों का शिकार न करें, जिससे उन्हें प्राकृतिक रूप से बढ़ने एवं प्रजनन करने का पर्याप्त अवसर मिल सके। उन्होंने सभी से नदियों को स्वच्छ रखने, जलीय जीवों का संरक्षण करने तथा मत्स्य सम्पदा को भावी पीढ़ियों के लिए सुरक्षित बनाए रखने में अपनी जिम्मेदारी निभाने का आह्वान किया।
 
कार्यक्रम के अंतर्गत पकहा घाट, बघौच घाट, सोनौला रामनगर एवं हेतिमपुर घाट पर भारतीय मेजर कार्प प्रजाति के मत्स्य बीज का संचय किया गया। रिवर रैचिंग कार्यक्रम का उद्देश्य नदियों में मत्स्य संसाधनों का पुनर्संवर्धन करना, जलीय जैव विविधता के संरक्षण को बढ़ावा देना तथा स्थानीय मछुआरों की आजीविका एवं रोजगार के अवसरों को सुदृढ़ करना है।
 
कार्यक्रम में  मंत्री के साथ सुव्रत शाही, ब्लॉक प्रमुख, पथरदेवा; ब्लॉक प्रमुख, तरकुलवा; नगर पंचायत अध्यक्ष, हेतिमपुर; बृजेश कुमार, उप निदेशक मत्स्य, गोरखपुर तथा रेवती रमण चौधरी, मुख्य कार्यकारी अधिकारी, मत्स्य पालक विकास अभिकरण, देवरिया सहित अन्य स्थानीय जनप्रतिनिधि एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
 
उपस्थित जनप्रतिनिधियों एवं अधिकारियों ने नदी की मत्स्य सम्पदा के संरक्षण, संवर्धन तथा रिवर रैचिंग कार्यक्रम के उद्देश्यों को सफल बनाने में जनसहभागिता के महत्व पर बल दिया।
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