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By : Nishpaksh Pratinidhi | Published Date : 17 Aug 2024 6:06 PM |   375 views

अखिलेश यादव ने किया ममता बनर्जी का बचाव, मायावती का TMC पर आरोप

देशभर में डॉक्टर अपनी सुरक्षा और पीड़ित प्रशिक्षु डॉक्टर के लिए न्याय की मांग को लेकर प्रदर्शन कर रहे हैं, कोलकता में जिसकी बेरहमी से हत्या और बलात्कार किया गया था। वहीं राजनीतिक दल मामले की संवेदनशीलता के बावजूद आरोप-प्रत्यारोप में लगे हुए हैं। भाजपा जहां सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस पर असली दोषियों को बचाने का आरोप लगा रही है, वहीं अब समाजवादी पार्टी के नेता और उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का बचाव किया है।

अखिलेश यादव ने कहा कि ममता बनर्जी खुद एक महिला हैं और एक महिला का दर्द समझती हैं। उन्होंने मांग के अनुसार कार्रवाई की है। सरकार ने मामले की जांच सीबीआई या किसी अन्य संस्था से कराने का भी फैसला किया है। लेकिन इसके साथ ही भारतीय जनता पार्टी के लोगों को राजनीति नहीं करनी चाहिए।” उन्होंने कहा कि भाजपा को घटनाओं का राजनीतिक लाभ नहीं उठाना चाहिए। कोलकाता के आरजी कर मेडिकल कॉलेज में हुई बलात्कार-हत्या की घटना के बारे में पूछे जाने पर वे कहते हैं, “हड़ताल पर बैठे डॉक्टरों को न्याय मिलना चाहिए। वहां प्रशिक्षु डॉक्टर के साथ जो हुआ वह बर्बर था।”

आरजेडी सांसद मनोज झा ने कहा कि यह घटना बहुत दुर्भाग्यपूर्ण है। डॉक्टर पूरे देश में इस घटना के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे हैं। सीबीआई घटना की जांच कर रही है और दोषियों को सख्त सजा मिलनी चाहिए। मैं केंद्र सरकार से आग्रह करता हूं कि डॉक्टरों को सुरक्षा प्रदान करने में देरी न करें, जो कि डॉक्टरों द्वारा उठाई गई मांगों में से एक है।

मायावती ने कोलकाता में चिकित्सक के साथ कथित तौर पर दुष्कर्म करने और फिर उसकी हत्या की घटना पर शनिवार को राजनीतिक दलों से ‘‘दलगत राजनीति से ऊपर उठने’’ का आग्रह किया। मायावती ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर पोस्ट कर कहा, ‘‘बंगाल में महिला चिकित्सक के साथ दुष्कर्म और फिर हत्या की घटना से पूरा देश चिंतित और आक्रोशित है| फिर भी तृणमूल कांग्रेस सरकार अपने बचाव में इसे धार्मिक और राजनीतिक रंग देने में लगी है, वहीं विपक्ष भी इस मामले में कम नहीं। ऐसे में दोषियों को सख्त सजा और पीड़ित परिवार को न्याय कैसे मिले इसकी चिंता जरूरी।’’ 

उन्होंने कहा, ‘‘अतः इस मामले में आरोप-प्रत्यारोप आदि को त्याग कर असली दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई के लिए सभी को दलगत राजनीति से ऊपर उठकर आगे आना होगा।

पीड़ित परिवार ने मुआवजा नहीं लेने और न्याय की बात कही है, उनकी पीड़ा और घटना को लेकर इंसाफ के तकाजे पर सभी को गंभीर होने की जरूरत।’’ बसपा नेता ने कहा, ‘‘इस घटना को लेकर चिकित्सकों और मेडिकल छात्रों का आंदोलन भी अपनी जगह सही है जिसका समर्थन भी है, लेकिन इस दौरान गरीब मरीजों के इलाज की तरफ भी जरूर ध्यान दिया जाए तो यह उचित होगा। साथ ही, सरकार अस्पतालों और चिकित्सकों की भी सुरक्षा और सम्मान का विशेष ध्यान रखें।

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