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By : Nishpaksh Pratinidhi | Published Date : 20 Oct 2023 6:04 PM |   640 views

किसानों को बीज वितरण करने के साथ-साथ एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजन किया गया

देवरिया -कृषि विज्ञान केंद्र (भाकृअनुप-भारतीय सब्जी अनुसंधान संस्थान वाराणसी) के द्वारा आज कृषि विज्ञान केंद्र के सभागार में  राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा मिशन के अंतर्गत सरसों का समूह बद्द अग्रिम पंक्ति प्रदर्शन लगाने के लिए किसानों को बीज वितरण करने के साथ-साथ एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजन किया गया ।

इस अवसर पर कृषि विज्ञान केंद्र के प्रमुख डॉक्टर मांधाता सिंह ने किसानों को बताया कि राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा मिशन के तहत तिलहन एवं दलहनी फसलों का प्रदर्शन 2015 में भारत सरकार के द्वारा आरंभ किया गया था।

इन प्रदर्शनों के परिणामस्वरुप दलहन एवं तिलहन के उत्पादन में काफी प्रगति हुई है उन्होंने बताया कि तिलहन में सरसों एवं दलहन में मसूर का समुहबद्द अग्रिम पंक्ति प्रदर्शन हमारे केंद्र से किसानों को निशुल्क वितरित किया जाएगा।

इस अवसर पर डॉक्टर रजनीश श्रीवास्तव ने किसानों को दलहन एवं तिलहन के महत्व के बारे में बताया।

सस्य  विज्ञान विशेषज्ञ डॉक्टर कमलेश मीणा द्वारा किसानों को सरसों की बुवाई, सिंचाई एवं कटाई के दौरान किए जाने वाले कार्यों के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई।

डॉक्टर मीणा ने बताया कि किसानों को 40 से 50 ग्राम प्रति इकट्ठा बीज का प्रयोग करना चाहिए।  1.5 किलोग्राम डीएपी, 800 किलोग्राम पोटाश, 300 किलोग्राम सल्फर का प्रयोग बुवाई के समय करने से उत्पादन एवं तेल की गुणवत्ता अच्छी प्राप्त होती है। सरसों की बुवाई 30 अक्टूबर तक अवश्य कर लेना चाहिए एवं पहली सिंचाई बुवाई के 30 दिन बाद करना चाहिए। 

कार्यक्रम में मुख्य रूप से सूर्यनाथ पांडे, अरुण यादव, राकेश यादव, राकेश यादव, राजेश यादव, आनंद कुमार, हरिश्चंद्र, प्रमोद कुमार, अशोक कुमार, राहुल सिंह, कमलेश कुमार, दिलीप कुमार, सत्य प्रकाश पांडे, मारकंडे पांडे, शशिकांत पांडे,रामसागर राय, हरिहर कुशवाहा सहित 30 किसान उपस्थित रहे।

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