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By : Nishpaksh Pratinidhi | Published Date : 12 Sep 2022 6:11 PM |   499 views

‘आयुष्‍मान’ का मिला सहारा तो पैरों पर खड़ी हुई नजीरुन्निशा

  • आयुष्‍मान से 1.40 लाख में हुआ निजी हास्पिटल में कूल्‍हा प्रत्‍यारोपण |
  •  कूल्‍हे के प्रत्‍यारोपण के बाद अब सहज तरीके से कर रही जीवन यापन |
 
 
संतकबीरनगर-भारत सरकार  द्वारा गरीब परिवारों को हर वर्ष 5 लाख रुपए तक का निशुल्‍क लाभ दिलाने वाली आयुष्‍मान भारत प्रधानमन्‍त्री जन आरोग्‍य योजना के तहत जिले के लोगों को निशुल्‍क इलाज का लाभ निरन्‍तर मिल रहा है। खलीलाबाद ब्‍लाक के पटखौली गांव की निवासी 45 वर्षीय  नजीरुन्निशा को भी इस योजना का लाभ मिला और आज वह इसी की बदौलत अपने पैरों पर खड़ी हो सकी हैं।
 
नजीरुन्निशा बताती हैं कि उनके कूल्‍हे की हड्डी वर्ष 2020 में टूट गयी थी। इसके बाद उसमें प्‍लेट डाली गयी थी। जिसके चलते वह एक बार फिर खड़ी हुईं। बाद में उसमें दर्द होना शुरु हुआ और चिकित्‍सक को दिखाया तो उसने बताया कि उसकी कूल्‍हे की हड्डी गली हुई है। अब उसका आपरेशन करवाकर कूल्‍हा प्रत्‍यारोपण करवाना पड़ेगा और इसमें डेढ़ लाख रु  पए तक का खर्च आएगा। इतना खर्च उनका परिवार वहन नहीं कर सकता था। इसके बाद उन्‍हें गांव के ही एक व्‍यक्ति ने बताया कि सीएमओ कार्यालय में जाकर वह आयुष्‍मान कार्ड बनवा लें। उनके पति वसीउल्‍लाह बताते हैं कि वह आयुष्‍मान कार्ड बनवाने गए तो वहां पर उनसे डाक के जरिए मिले कार्ड के बारे में पूछा गया। उन्‍हें कोई पत्र नहीं मिला था। इसके बाद वहां पर मौजूद अधिकारियों ने उनके नाम और पते के आधार पर सूची में नाम देखा तो पता चला कि उनके परिवार का नाम सूची में है। इसके बाद परिवार के कुल 6 सदस्‍यों का आयुष्‍मान कार्ड बनवाया गया। इसके साथ ही आयुष्‍मान भारत योजना के डीजीएम सर्वेश द्विवेदी ने उन्‍हें सूचीबद्ध अस्‍पतालों की एक लिस्‍ट दी।
 
इसके बाद वह गांव के नजदीक स्थित सूचीबद्ध प्राइवेट हास्पिटल अशोका आर्थो हास्पिटल में गए तो वहां पर चिकित्‍सक डॉ अशोक चौधरी ने बताया कि उनका हास्पिटल आयुष्‍मान भारत योजना के तहत पंजीकृत है। उनके हास्पिटल में यह आपरेशन हो जाएगा। इसके बाद 28 जुलाई को डॉ अशोक चौधरी ने उनके कूल्‍हे का प्रत्‍यारोपण किया । आज वह सामान्‍य रुप से चलने में सक्षम हैं। नजीरुन्निशा बताती हैं कि अगर आयुष्‍मान भारत योजना नहीं होती तो उनका इलाज कभी नहीं हो पाया होता। यह योजना उनके लिए वरदान साबित हुई।  
 
10586 लोगों को मिला है योजना से लाभ – डॉ जनमेजय सिंह
 
आयुष्‍मान भारत योजना के नोडल अधिकारी डॉ जनमेजय सिंह बताते हैं कि जिले में कुल 70127 परिवारों से जुड़े 152031 लाभार्थियों का आयुष्‍मान कार्ड बनाया गया है। जबकि 10586 लोगों को इस योजना से लाभ मिला है और उनका जिले के साथ ही जिले के बाहर के अस्‍पतालों में भी निशुल्‍क इलाज हुआ है। ऐसे व्‍यक्ति जिनका नाम आयुष्‍मान भारत योजना की सूची में है वह योजना का लाभ उठाने के लिए आयुष्‍मान कार्ड अवश्‍य बनवा लें। अन्‍यथा उन्‍हें निशुल्‍क योजना का लाभ नहीं मिलेगा।
 
 
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