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By : Nishpaksh Pratinidhi | Published Date : 3 Dec 2020 8:38 PM |   846 views

युवाओं के बेहतर भविष्य के लिए कृषि शिक्षा जरूरी: प्रो.रवि प्रकाश

 

बलिया – आचार्य नरेन्द्र देव कृषि एवं प्रौद्योगिक विश्वविद्यालय कुमारगंज  अयोध्या द्वारा संचालित कृषि विज्ञान केन्द्र सोहाँव बलिया के तत्वावधान में राष्ट्रीय कृषि शिक्षा दिवस का आयोजन  सेवा संघ  इण्टर कालेज सोहाँव के प्रागण मे कोरोना कोविंद का पालन करते हुए आयोजित किया ।
 
केन्द्र के अध्यक्ष प्रोफेसर रवि प्रकाश मौर्य ने  छात्र ,छात्राओं को संम्बोधित करते हुए बताया कि  युवाओं को कृषि से जोड़ने और  कृषि शिक्षा को आगे बढ़ाने के लिए 3 दिसंबर  को  कृषि शिक्षा दिवस के रूप में मनाने का निर्णय भारत सरकार ने लिया है।इसका मुख्य उद्देश्य ज्यादा से ज्यादा युवाओं को कृषि की शिक्षा उपलब्ध करवाना और देश को कृषि  के क्षेत्र में समृद्ध बनाना है। इसमे तेज़ी से बदलाव देखा जा सकता है, कई ग्रामीण  इलाकों के युवा कृषि की शिक्षा प्राप्त करके इसे रोज़गार का माध्यम बना रहे हैं. विभिन्न फल, फूल, सब्ज़ी की खेती, डेयरी, मछली पालन, मधुमक्खी पालन, मशरुम उत्पादन इत्यादि खेती से जुड़े कई ऐसे व्यवसाय हैं जो युवाओं के बीच प्रचलित हो रहे हैं.।
 
यह दिवस देश के पहले कृषि मंत्री एवं राष्ट्रपति डॉ. राजेंद्र प्रसाद जी के जन्म दिवस के अवसर पर मनाया जाता है। डा. राजेंद्र प्रसाद जी हमारे देश के पहले राष्ट्रपति थे। वे भारतीय राजनीति के एक प्रबल नेता थे और वह एक अच्छे वकील भी थे । आज  देश में 75 कृषि  विश्वविद्यालय हैं, जिसमे 64 राज्य- स्तरीय, 3 केन्द्रीय कृषि विश्वविद्यालय, 4 डीम्ड विश्वविद्यालय, तथा 4 केन्द्रीय विश्वविद्यालय है। इसमें नामांकन संयुक्त प्रवेश परीक्षा के माध्यम से  होता है। जिसके लिये आवेदन की प्रक्रिया अक्टूबर से मार्च माह के बीच प्रारंभ हो जाती है।
 
डा. महिपाल सिंह ,सह प्राध्यापक ( कृषि अभियंत्रण) ने बताया कि  कृषि अभियंत्रण के क्षेत्र मे भी युवाओं हेतु रोजगार के अवसर है।आज मशीनीकरण के कारण कृषि के सभी कार्य समय से समपन्न हो जा रहे है।
 
महिला वैज्ञानिक डा. प्रेमलता श्रीवास्तव  सह प्राध्यापक( गृह विज्ञान)  ने  बताया कि लड़कियां  भी कृषि  मे शिक्षा प्राप्त कर रही है। गृह विज्ञान  जो अब सामुदायिक विज्ञान  के नाम से जाना जाता है। उसमे भी शिक्षा प्राप्त कर आगे बढ़ सकती है। श्री राजीव कुमार सिंह विषय बस्तु विशेषज्ञ( उधान) ने कहा कि आज उधान के अलग से महाविद्यालय, संस्थान खुल गये है  फल फूल. सब्जी, औषधि एवं सगंध के क्षेत्र मे युवाओं द्वारा काफी कार्य किये  जा सकते है।
 
बेद प्रकाश सिंह ने पोषण बाटिका पर प्रकाश डाला। अध्यापकों एवं  छात्र/छात्राओं के प्रश्नों का समाधान किया  गया।  कार्यक्रम के  अंत मे  सेवा संघ इण्टर कालेज सोहाँव के प्रधानाचार्य  बेद प्रकाश राय  ने सभी को  धन्यवाद देते हुए कहा  कि यह  कार्यक्रम  छात्र/ छात्राओं के लिये काफी प्रेरणादायक है ,इससे निश्चित ये लाभान्वित होगे। इसके लिये कालेज परिवार आभारी है।
 
इस कार्यक्रम में कालेज के पूर्व प्रबंधक ओमप्रकाश राय ,अध्यापकगण  सहित कक्षा 9 से 12 तक के150 से अधिक छात्र, छात्राओं ने भाग लिया।
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