Wednesday 4th of November 2026 03:26:34 AM

Breaking News
  •  4 नवम्बर को बीजेपी राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन गोरखपुर आयेंगे |
  • कर्नाटक में दिवाली पर रात 8 बजे से 10 तक ही ग्रीन पटाखे जलाने का आदेश |
  • 200 करोड़ की वसूली केस में नोरा फतेही को दिल्ली कोर्ट का समन,6 नवम्बर को पेशी |
Facebook Comments
By : Nishpaksh Pratinidhi | Published Date : 19 Jun 2024 4:27 PM |   561 views

सीएम केजरीवाल को नहीं मिली राहत, 3 जुलाई तक बढ़ी न्यायिक हिरासत

दिल्ली एक्साइज पॉलिसी पीएमएलए मामले में राउज एवेन्यू कोर्ट ने दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल और विनोद चौहान की न्यायिक हिरासत 3 जुलाई तक बढ़ा दी है। न्यायिक हिरासत की अवधि समाप्त होने के बाद दोनों को तिहाड़ जेल से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए अदालत में पेश किया गया। ईडी के वकील ने कहा कि विनोद चौहान ने गोवा चुनाव के लिए अभिषेक बोइनपल्ली के माध्यम से बीआरएस नेता के कविता के पीए से 25 करोड़ रुपये प्राप्त किए। उन्होंने यह भी कहा कि इस महीने के अंत तक विनोद चौहान के खिलाफ अभियोजन शिकायत दायर की जाएगी. उन्हें मई में गिरफ्तार किया गया था। 

इस मामले में अगली अदालती सुनवाई 3 जुलाई को होगी, जब केजरीवाल की न्यायिक हिरासत खत्म हो जाएगी। प्रवर्तन निदेशालय ने बुधवार को अदालत से अरविंद केजरीवाल की न्यायिक हिरासत बढ़ाने का आग्रह करते हुए कहा कि दिल्ली उत्पाद शुल्क नीति में कथित अनियमितताओं की आगे की जांच के लिए यह आवश्यक है, जिसे 2022 में खत्म कर दिया गया था।

आईओ ने कहा कि मामले से जुड़े 100 में से  45 करोड़ का पता लगा लिया गया है। अपनी हिरासत के विस्तार का विरोध करते हुए, सीएम ने वकील विवेक जैन के माध्यम से प्रतिनिधित्व किया और कहा कि आवेदन “गुणों से रहित” है। 

इससे पहले अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश मुकेश कुमार ने मामले में जवाब दाखिल करने के लिए प्रवर्तन निदेशालय द्वारा और समय दिये जाने के अनुरोध के बाद सुनवाई को स्थगित कर दिया था। इस बीच न्यायाधीश ने केजरीवाल की ओर से दाखिल एक अर्जी पर सुनवाई निर्धारित कर दी। अर्जी में केजरीवाल की स्वास्थ्य स्थिति और उपचार का निर्धारण करने के लिए गठित मेडिकल बोर्ड की कार्यवाही में उनकी पत्नी को वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से शामिल होने की अनुमति देने के निर्देश देने का अनुरोध किया गया था। 

ईडी ने कार्यवाही के दौरान अदालत से सुनवाई 25 जून तक स्थगित करने का अनुरोध किया। न्यायाधीश ने हालांकि कहा कि वह आरोपी की सुविधा के अनुसार अगली सुनवाई की तारीख तय करेंगे न कि जांच एजेंसी की सुविधा के हिसाब से। न्यायाधीश ने कहा, आरोपी न्यायिक हिरासत में है न कि ईडी की हिरासत में। अगर वह कुछ सुवि‍धा चाहते हैं तो आपका इससे कोई लेना-देना नहीं है। आपको कोई भूमिका नहीं निभानी है। वह न्यायिक हिरासत में है। मैं उनकी सुविधा पर विचार करूंगा न कि आपकी। दिल्ली की एक अदालत ने पांच जून को इस मामले में चिकित्सा आधार पर अंतरिम जमानत की केजरीवाल की याचिका खारिज कर दी थी।

Facebook Comments