Friday 28th of August 2026 05:23:27 PM

Breaking News
  • रक्षाबंधन की हार्दिक शुभकामनाएं|
  • अमित ठाकरे की कैब ड्राइवरों को चेतावनी ,कहा मराठी नहीं बोली तो होगी पिटाई |
  • नेपाल बाढ़ में मृतकों की संख्या 469 पहुचीं ,1400 से ज्यादा लोग लापता |
Facebook Comments
By : Nishpaksh Pratinidhi | Published Date : 23 Dec 2025 7:55 PM |   285 views

कृषि विज्ञान केंद्र देवरिया में किसान दिवस पर वीबी-जी राम जी योजना पर भव्य कार्यक्रम

भाटपाररानी-आज कृषि विज्ञान केंद्र, देवरिया के प्रांगण में किसान दिवस के अवसर पर विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने सजीव प्रसारण के माध्यम से किसानों को संबोधित करते हुए हाल ही में लॉन्च हुए ‘विकसित भारत-रोजगार एवं आजीविका गारंटी मिशन (ग्रामीण)’ के बारे में विस्तार से बताया।

उन्होंने कहा कि यह मनरेगा की जगह लेते हुए ग्रामीण परिवारों को प्रति वर्ष 125 दिन रोजगार की गारंटी देता है, जो विकसित भारत 2047 के दृष्टिकोण को साकार करेगा। चार प्रमुख क्षेत्रों- जल सुरक्षा, ग्रामीण अवसंरचना, आजीविका अवसंरचना तथा मौसम प्रतिकूलता प्रबंधन पर केंद्रित यह योजना किसानों की आय बढ़ाने और दीर्घकालिक विकास सुनिश्चित करेगी।

कृषि राज्य मंत्री भागीरथ चौधरी ने लाइव प्रसारण में वीबी-जी राम जी के लाभों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि यह योजना फसल बुवाई-कटाई के दौरान 60 दिनों तक कार्य रोकने की सुविधा देती है, जिससे कृषि मजदूरों की उपलब्धता बनी रहेगी। केंद्र-राज्य के बीच की लागत साझेदारी से जल संचयन, सड़कें, भंडारण तथा पशुपालन जैसी परिसंपत्तियां बनेंगी, जो किसानों को बाजार से जोड़ेंगी और प्रवासन रोकेंगी।

कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए केवीके देवरिया के अध्यक्ष डॉ. मंधाता सिंह ने किसानों से कहा कि वीबी-जी राम जी अपनाकर वे जल सुरक्षा और अवसंरचना कार्यों से अपनी खेती को मजबूत बना सकते हैं। इससे मिट्टी स्वास्थ्य, उत्पादकता तथा ग्रामीण आजीविका में क्रांतिकारी बदलाव आएगा।

सस्य विज्ञान विशेषज्ञ डॉ. कमलेश मीना ने बताया कि वीबी-जी राम जी के तहत जल संरक्षण कार्यों से फसल उत्पादन बढ़ेगा तथा संतुलित उर्वरक प्रयोग संभव होगा।

गृह विज्ञान विशेषज्ञ जय कुमार ने पोषण वाटिका और प्राकृतिक खेती पर जोर देते हुए कहा कि यह योजना ग्रामीण परिवारों को आत्मनिर्भर बनाएगी।

पशु जैव प्रौद्योगिकी विशेषज्ञ डॉ. अंकुर शर्मा ने बताया कि पशुपालन से जुड़े कार्यों से डेयरी उत्पादन बढ़ेगा तथा खेती-पशुपालन एक-दूसरे के पूरक होंगे। कार्यक्रम में 73 पुरुषों एवं 115 महिलाओं सहित 188 किसानों ने भाग लिया।

Facebook Comments