Thursday 12th of March 2026 02:55:22 PM

Breaking News
  • पश्चिम बंगाल के वोटरों को राहत सुप्रीमकोर्ट के आदेश पर अब ट्रिब्यूनल करेगा ख़ारिज आवेदनों की सुनवाई |
  • ईरान -इजराइल जंग का खेलो पर असर ICC वर्ल्ड कप लीग -2 पर लगी रोक ,फीफा ने कहा -नहीं टलेगा फुटबाल वर्ल्ड कप |
Facebook Comments
By : Nishpaksh Pratinidhi | Published Date : 16 Oct 2025 7:09 PM |   274 views

नाटक, स्लोगन और पोस्टर के माध्यम से दिया सशक्त संदेश — ‘ना का अर्थ ना ही होता है

अमेठी- आज जनपद अमेठी के विभिन्न विद्यालयों में “No Means No” विषय पर जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य छात्राओं एवं छात्रों को यह संदेश देना था कि “ना” का अर्थ “ना” ही होता है — यह शब्द आत्मसम्मान, मर्यादा और सहमति का प्रतीक है। कार्यक्रम का आयोजन बेसिक शिक्षा विभाग अमेठी के समस्त विद्यालयों में उत्साहपूर्वक किया गया। इसमें प्राथमिक विद्यालयों, उच्च प्राथमिक विद्यालयों, कंपोजिट विद्यालयों तथा कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों की छात्राओं ने बढ़-चढ़कर भाग लिया।
 
कार्यक्रम के दौरान छात्राओं को बताया गया कि “No Means No” केवल एक शब्द नहीं, बल्कि यह एक सम्पूर्ण संदेश है जो दूसरों की भावनाओं, सीमाओं और आत्मसम्मान के सम्मान की सीख देता है। शिक्षकों ने छात्राओं को आत्मरक्षा, आत्मविश्वास और साहसपूर्वक अपनी बात कहने के महत्व से भी अवगत कराया। इस अवसर पर कंपोजिट विद्यालय कोची, कंपोजिट विद्यालय गुड़गांव, कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय शुकुल बाजार और कंपोजिट विद्यालय सिंहपुर सहित अनेक विद्यालयों में विशेष कार्यक्रम आयोजित किए गए।
 
छात्राओं ने नुक्कड़ नाटक, स्लोगन लेखन प्रतियोगिता, पोस्टर प्रदर्शनी और भाषणों के माध्यम से “No Means No” के संदेश को प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया। इन गतिविधियों के माध्यम से छात्राओं में आत्मविश्वास, आत्मसम्मान और सुरक्षा के प्रति सजगता का संचार हुआ।
 
विद्यालय प्रबंधन एवं शिक्षकों ने कहा कि ऐसे कार्यक्रम छात्राओं को न केवल जागरूक बनाते हैं, बल्कि उन्हें समाज में अपनी आवाज़ बुलंद करने की प्रेरणा भी देते हैं। मिशन शक्ति 5.0 के अंतर्गत यह अभियान महिलाओं और बालिकाओं के अधिकारों, सम्मान और सुरक्षा के प्रति जनजागरूकता बढ़ाने का एक महत्वपूर्ण प्रयास है।
 
Facebook Comments