Wednesday 23rd of September 2026 09:30:58 AM

Breaking News
  • मुख्यमंत्री योगी का ऐलान-एक लाख सरकारी नौकरी का प्लान |
  • लखनऊ में 11 एमएलसी सीटों पर चुनाव की अधिसूचना जारी|
  • अप्रैल -मई तक भारत की बुलेट ट्रेन पटरियों पर उतारने का लक्ष्य -रेल मंत्री
Facebook Comments
By : Nishpaksh Pratinidhi | Published Date : 3 Jan 2024 4:37 PM |   725 views

अधिवक्ताओं और लेखकों की हड़ताल से लाखों की राजस्व की क्षति

उरई:- सब रजिस्ट्रार कार्यालय में अधिवक्ताओं और लेखकों की हड़ताल दूसरे दिन भी जारी रही इससे लाखों की राजस्व की क्षति सरकार को हुई । सब रजिस्ट्रार कल्पना अवस्थी के मौखिक आदेश के विरोध एवं मनमाने रवैए अपनाने से अधिवक्ताओं व लेखकों ने इसका विरोध किया जिसको लेकर पहले दिन सिटी मजिस्ट्रेट व पुलिस उपाधीक्षक ने कार्यालय जाकर दोनो पक्षों से बात की थी लेकिन बात बनी नहीं दूसरे दिन उप निबंधक कार्यालय खुलते ही नारेबाजी से शुरू हुआ।

बाद में शांतिपूर्ण तरीके से अधिवक्ताओं ने कार्यालय के बाहर धरने पर बैठ गए जबकि पहले दिन अपर जिलाधिकारी संजय कुमार से इस संबंध में बात की थी उन्होंने कहा था कि जल्द इस मामले को सुलझाने की बात कही थी लेकिन जब दूसरे दिन भी अधिवक्ता हड़ताल पर अमादा हुए लेकिन प्रशासन ने कोई पहल नहीं की उप निबंधक कार्यालय में खुले आम भ्रष्टाचारी का अधिवक्ताओं द्वारा आरोप लगाया जा रहा रजिस्ट्रार के द्वारा मनमाना धन उगाही का आरोप वकीलों लेखकों द्वारा लगाया जा रहा है फिर भी प्रशासन मौन है । दूसरे दिन प्रशासन ने हड़ताल को समाप्त कराने की पहल नहीं की प्रदेश सरकार को जिले में सबसे अधिक राजस्व देने बाला विभाग दो दिनों से बंद है किसी को कोई परवाह नही ।

एक अधिवक्ता ने बताया कि जिला प्रशासन ये भलीभांति जानता है कि उरई प्राधिकरण के अंतर्गत कुछ गांव ऐसे है जहां सरकारी दर से विक्रय मूल्य बहुत कम है जब सरकारी दर स्टाम्प दिया जा रहा है तो विक्रय मूल्य पर उप निबंधक की जिद्द किस काम की अपर जिलाधिकारी संजय कुमार को इस मामले में जल्द हस्तक्षेप करना होगा नहीं तो सरकार को राजस्व की काफी क्षति होगी ।

Facebook Comments