Sunday 22nd of March 2026 10:48:11 AM

Breaking News
  • बंगाल में अघोषित आपातकाल ममता बनर्जी का आरोप -बीजेपी के इशारे पर काम कर रहा है चुनाव आयोग |
  • अयोध्या से राष्ट्रपति मुर्मू का बड़ा सन्देश ,राम राज्य के आदर्शों से ही बनेगा विकसित भारत |
  • ईरान पर होगा अब तक का सबसे बड़ा आक्रमण,ट्रम्प के सहयोगी की सीधी चेतावनी कहा – तैयार रहे तेहरान |
Facebook Comments
By : Nishpaksh Pratinidhi | Published Date : 19 Mar 2020 4:03 PM |   2431 views

राज्यसभा में उठा कॉल डाटा रिकार्ड का मुद्दा

नयी दिल्ली-  राज्यसभा में विपक्षी कांग्रेस ने दूरसंचार विभाग द्वारा कॉल डाटा रिकार्ड (सीडीआर) मांगे जाने का मुद्दा गुरुवार को उठाया और कहा कि देश ‘‘निगरानी राज्य’’ में बदलता जा रहा है। इस पर कानून एवं दूरसंचार मंत्री रवि शंकर प्रसाद ने कहा कि कॉल ड्रॉप समस्या से निपटने के लिए सीडीआर मांगे गए हैं।

सदन में कांग्रेस के उपनेता आनंद शर्मा ने इस मुद्दे पर चर्चा के लिए नियम 267 के तहत नोटिस दिया था। लेकिन सभापति एम वेंकैया नायडू ने नोटिस को अस्वीकार करते हुए उन्हें शून्यकाल में यह मुद्दा उठाने की अनुमति दी।

आनंद शर्मा ने कॉल रिकार्ड से संबंधित विभिन्न् प्रावधानों का उल्लेख करते हुए कहा कि ऐसा कोई नियम नहीं है जिसके तहत किसी सरकारी विभाग को नियमित आधार पर सीडीआर मांगने की अनुमति है। शर्मा ने कहा कि भारत एक निगरानी राज्य में तब्दील हो रहा है और लोगों की निजता प्रभावित हो रही है।

प्रसाद ने कहा कि वह आश्वासन देना चाहते हैं कि कोई निगरानी नहीं हो रही है, कोई फोन टैपिंग नहीं हो रही है और कोई कॉल रिकार्डिंग नहीं है। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि किसी की निजता का कोई उल्लंघन नहीं हुआ है। शून्यकाल में ही टीआरएस के बी लिंगैया यादव ने हैदराबाद में फार्मा कंपनियों से जुड़ा मुद्दा उठाया और कहा कि हैदराबाद देश की फार्मा राजधानी है। यादव ने वहां एक फार्मा सिटी स्थापित किए जाने की मांग की।

बीजद की सरोजिनी हेम्ब्रम ने ओड़िशा के ग्रामीण क्षेत्रों में बैंकों की पर्याप्त शाखाएं नहीं होने से लोगों को हो रही परेशानी का मुद्दा उठाया। वहीं बीजद के ही प्रशांत नंदा ने राष्ट्रीय जलमार्ग संख्या पांच को जल्द विकसित किए जाने की मांग की कांग्रेस के टी सुब्बीरामी रेड्डी ने क्रिप्टोकरेंसी से जुड़ा मुद्दा उठाया वहीं भाजपा के कैलाश सोनी ने सहकारी बैंकों को रिजर्व बैंक के दायरे में लाए जाने की मांग की। सोनी ने विशेष उल्लेख के जरिए यह मांग की।

विशेष उल्लेख के जरिए ही कांग्रेस सदस्य बी के हरिप्रसाद, माकपा के के सोमाप्रसाद, भाजपा के विजय गोयल और कांता कर्दम, तृणमूल कांग्रेस के मानस रंजन भूइयां, बीजद के अमर पटनायक आदि सदस्यों ने भी अलग अलग मुद्दे उठाए।

Facebook Comments